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स्पेन के डॉक्टर की नेक पहल, कोरोना से पीड़ित होने के बावजूद बीते 7 दिनों से ट्विटर पर बता रहे अपने शरीर का हाल

दैनिक भास्कर

Mar 16, 2020, 02:51 PM IST

मैड्रिड. दुनिया के लगभग सभी देशों में फैल चुके कोरोनावायरस (कोविड-19) से मरने वालों की संख्या लगभग 5000 हो चुकी है और इस बीमारी को महामारी घोषित किया जा चुका है। ऐसे में स्पेन के एक डाॅक्टर ने कोरोना संक्रमित होने के बावजूद अच्छा कदम उठाया है। 35 वर्षीय डाॅ तुंग चेन बीते 7 दिनों से अपने संक्रमित शरीर से जुड़ी अहम जानकारियां सोशल मीडिया पर शेयर करके लोगों और डॉक्टरों की मदद कर रहे हैं। उनसे प्रेरित होकर कई अन्य डॉक्टर भी अपनी मेडिकल रिपोर्ट डॉ तुंग के ट्विटर हैंडल के साथ ट्वीट कर रहे हैं।

@khushboo_tanwar

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कैसे हुआ डॉ तुंग को संक्रमण

डॉक्टर येल तुंग चेन मैड्रिड की यूनिवर्सिटी ला पेज में संक्रमित मरीजों के इलाज के दौरान खुद कोविड-19 के संक्रमण का शिकार हो गए। डाॅ तुंग ने बताया कि, ‘अस्पताल में अपनी शिफ्ट में पूरी करने के बाद मैं बीमार सा महसूस करने लगा। पहला ख्याल यही आया कि कहीं ये कोरोनावायरस का संक्रमण तो नहीं। जब मुझे अपने लक्षण संदिग्ध लगे तो कोरोना टेस्ट कराया और पता चला कि मुझे भी संक्रमण हो गया है।’

खुद को आइसाेलेट करके दिखाई समझदारी

टेस्ट पॉजिटिव आया तो डॉ तुंग ने सबसे पहले घर में खुद को सबसे अलग-थलग करने का फैसला किया। उन्होंने कहा कि, मुझे जैसे ही पता चला कि मैं भी कोरोना पॉजिटव हूं तो मैंने अपने कमरे में खुद को सबसे दूर कर लिया। मैं घर में सबसे बिल्कुल कट गया हूं। ये मेरी जिंदगी का सबसे बुरा लम्हा है। स्थितियां ऐसी है कि मैं अपनी पत्नी, बच्चों और परिवार से भी नहीं मिल पा रहा हूं।’

आइसोलेशन में सोशल मीडिया सहारा बना

इमर्जेंसी फिजिशियन डॉ तुंग ट्विटर पर काफी एक्टिव रहते हैं। जब वे खुद कोरोना संक्रमित हो गए तो उन्होंने मेडिकल साइंस और लोगों की मदद करने के मकसद से अपनी बीमारी के लक्षण और प्रोग्रेस को सबके साथ हर दिन शेयर करने की सोची। इसके साथ ही उन्होंने अपने साइंटिस्ट और मेडिकल प्रोफेशनल्स के लिए अपने फेफड़ों की अल्ट्रासाउंड स्कैनिंग के वीडियो भी साझा करना शुरू किए।  
 
9 मार्च: पहले दिन का हाल
डॉ तुंग चेन ने पहले दिन ट्विटर पर बताया कि मेरे गले में काफी खराश है। तेज सिरदर्द है, सूखी खांसी है लेकिन सांस लेने में परेशानी नहीं है। मेरे फेफड़े में कोई समस्या नहीं है। लेकिन मैं अपने फेफड़ों के POCUS (पॉइंट ऑफ केयर अल्ट्रासाउंड) पर नजर रखूंगा। 

10 मार्च: दूसरे दिन का हाल
दूसरे दिन के ट्वीट में डॉक्टर चेन ने बताया कि ईश्वर की कृपा से खराश और कफ में थोड़ी कमी आई है। कफ और सिरदर्द में भी कमी है। सांस लेने में तकलीफ या सीने में दर्द की शिकायत नहीं है।

11 मार्च: तीसरे दिन का हाल
डॉक्टर ने 11 मार्च को अपने संक्रमण के तीसरे दिन बताया कि आज गले में खराश और सिरदर्द नहीं है। कल बहुत कफ वाला दिन था, अभी तक सांस लेने में तकलीफ या सीने में दर्द नहीं है। हालांकि दवाइयों के कारण मुझे दस्त लगने शुरू हो गए है। खुशी की बात है कि कफ में कमी आई है।

12 मार्च: चौथे दिन का हाल
चौथे दिन का अपडेट देते हुए डॉक्टर चेन ने बताया कि कल की तुलना में आज ज्यादा कफ हो गया है, थकान भी लग रही है। हालांकि सीने में दर्द नहीं है। POCUS (पॉइंट ऑफ केयर अल्ट्रासाउंड) का अपडेट यह है कि दांईं ओर कुछ थक्का, बांईं ओर गाढ़ी प्लुरल लाइन के साथ 2 सब्प्लुरल जमाव दिख रहे हैं।

13 मार्च: पांचवे दिन का हाल

पांचवे दिन शुक्रवार को डॉक्टर ने ट्वीट करके बताया कि कोविड के डायग्नोसिस के बाद, आज कफ में कमी है। लेकिन थकान है। अच्छी बात है कि चेस्ट में दर्द नहीं है।  POCUS (पॉइंट ऑफ केयर अल्ट्रासाउंड) का अपडेट यह है कि कफ का बहाव कम हो गया है, क्योंकि यह सबप्लुरल कंसॉलिडेशन के रूप में , दोनों पोस्टीरियर लोअर लोब्स पर बराबर से फैल रहा है। कल से हॉइड्राक्सिक्लोरोक्वीन दवा (HCQ) शुरू हुई है।

14 मार्च: छठे दिन का हाल

शनिवार का हाल बताते हुए डॉक्टर तुंग ने बताया कि आज मुझे कफ भी कम है और थकान भी। बुखार भी नहीं है। ऑक्सीजन का सेचुरेशन लेवल 98% है। POCUS (पॉइंट ऑफ केयर अल्ट्रासाउंड) का अपडेट यह है कि ये अभी गाढ़ा है और सबप्लुरल जमाव घटने लगा है। फेफड़ों की स्थिति में पांचवे दिन से काफी सुधार है।

15 मार्च: सातवें दिन का हाल

बीमारी के सातवें दिन डॉक्टर ने अपनी रिपोर्ट शेयर करते हुए कहा कि आज कफ और कमजोरी फिर से बहुत ज्यादा पीड़ा दे रही है। बुखार नहीं है। ऑक्सीजन का सेचुरेशन लेवल 96% है। POCUS (पॉइंट ऑफ केयर अल्ट्रासाउंड) का अपडेट – गाढ़ी प्लुरल लाइन, बी-लाइन और सब प्लुरल लाइन कंसोलिडिशेन कम हो रहा है। फेफड़ों की स्थिति में कल से ज्यादा सुधार है।

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