April 19, 2024 : 3:11 PM
Breaking News
लाइफस्टाइल

थाईलैंड के चिड़ियाघर में चिम्पांजी से दवा का छिड़काव करा रहे, पेटा ने शिकायत दर्ज कराई; जू प्रशासन की सफाई, यह उनकी एक्सरसाइज है

  • मामला थाइलैंड के सेमुट प्रैकर्न मगरमच्छ फार्म, पेटा ने कहा, यह घटना बेहद दुखद और चिड़ियाघर में नरक जैसी स्थिति है
  • पिछले साल दर्शकों के आगे करतब दिखाने के लिए हाथी को प्रताड़ित करने का वीडियो वायरल हुआ था

दैनिक भास्कर

Apr 18, 2020, 11:07 AM IST

बैंकॉक. थाइलैंड के एक चिड़ियाघर में चिम्पांजी को मास्क पहनाकर सैनेटाइजेशन का काम काम कराया जा रहा है। चिम्पांजी साइकिल पर बैठकर चिड़ियाघर के अलग-अलग हिस्से में डिसइंफेक्टेंट स्प्रे कर रहा है। मामला सेमुट प्रैकर्न मगरमच्छ फार्म का है। इसका वीडियो वायरल होते ही विवाद शुरू हो गया है। इस मामले की पेटा ने थाइलैंड पुलिस से शिकायत की है। पेटा का कहना है कि यह घटना बेहद दुखद है और चिड़ियाघर में नरक जैसी स्थिति है। कई जानवरों की हालत खराब है। 

पहले भी सामने आए हैं क्रूरता के मामले
पेटा की प्रवक्ता निराली शाह के मुताबिक, मगरमच्छ फार्म और चिड़ियाघर में चिम्पांजी जैसे जानवर दयनीय जीवन जीते हैं। जब वे मानव मनोरंजन के लिए उपयोग नहीं किए जाते हैं, तब उन्हें पिंजड़ों में रखा जाता है। पिछले साल दर्शकों के आगे करतब दिखाने के लिए हाथी को प्रताड़ित करने का वीडियो वायरल हुआ था। भालुओं को गंदगी में रखने और मगरमच्छों को खाना न देने के इस चिड़ियाघर से जुड़े कई मामले उजागर हो चुके हैं।

यह मामला सेमुट प्रैकर्न मगरमच्छ फार्म का है।

चिड़ियाघर प्रशासन के तर्क

  • चिड़ियाघर के डायरेक्टर ने कहा, यहां बंदरों से कोई व्यावसायिक एक्टिविटी नहीं कराई जा रही। जू बंद है और यहां सन्नाटा है इसलिए चिड़ियाघर के कर्मचारी चिम्पांजी को एक्सरसाइज करा रहे हैं। 
  • कोरोनावायरस के मामले सामने आने के बाद सरकारी आदेश पर जू को बंद कर दिया गया था। हम पूरे चिड़ियाघर को हफ्ते में दो से तीन बार साफ करते हैं ताकि जैसे ही सरकार से जू खोलने का आदेश मिले तो हम तैयार रहें। 
  • चिम्पांजी काफी प्रशिक्षित है, हम उसे बाहर लेकर आए ताकि बंदी के दौरान वह अपने शरीर को स्ट्रेच कर सके, उसके लिए एक्सरसाइज जैसा है।

कुपोषित हैं यहां के  मगरमच्छ
पशुओं के अधिकार के लिए काम करने वाली संस्थाओं का कहना है कि यह चिड़ियाघर जानवरों के साथ बेहद बुरा बर्ताव कर रहा है। पिछले साल जानवरों को बांस की लाठी से मारने के मामले भी सामने आए थे। यह फार्म मगरमच्छों के लिए प्रसिद्ध है लेकिन यहां पर ये काफी कुपोषित हैं।

Related posts

22 जून का मूलांक 4 और भाग्यांक 5 है, यात्रा में निराशा का सामना करना पड़ सकता है, आलस्य से बचेंगे तो कोई राहत मिल सकती है

News Blast

कमजोर पड़ रहा कोरोनावायरस, वैज्ञानिकों ने ढूंढ़ा ऐसा म्यूटेशन जो 17 साल पहले सार्स वायरस के समय भी मिला था

News Blast

6 राशियों के लिए अच्छा रहेगा ये महीना, सोचे हुए काम हो सकते हैं पूरे

News Blast

टिप्पणी दें